Rajesh Tiwari (Shikshak Diwas)शिक्षक दिवस )


ऐसी शिक्षा दो शिक्षक ये ,  बन जाय सभ्य समाज  ।

संशय में भटका समाज ये , आवश्यकता है  आज ।।


हरहि शिष्य धन शोक न हरहि, यदि तुमने  यह कीन्हा ।

शिक्षक बन इस  पूण्य धरा पर , व्यर्थ जन्म ही लीन्हा ।।

अपना शुभ संकल्प निभाओ,  सुन्दर सँवरे सारे काज ।...............१

ऐसी शिक्षा दो शिक्षक ये , बन जाय सभ्य समाज ।.......


कुम्भकार सम नूतन घट ज्यों , हिय हाथ संभारा करना ।

अपनी प्रतिभा और योग्यता , तुम शिष्य हृदय में भरना ।।

सात्विक और सत्भाव सुवृत्ति से , सुरभित करो समाज ।.............२

ऐसी शिक्षा दो शिक्षक ये , बन जाय सभ्य समाज ।.......


तुम अनीतिरत राज्य बदलते , नव साम्राज्य  को गढ़ते ।

करते कर्म अलौकिक जग में , तुमसे  रंक राव सब पढ़ते ।।

सम दृष्टि सद् भाव भरे हिय ,  ऐसी  दीक्षा दो  ऋषिराज ।...............३

ऐसी शिक्षा दो शिक्षक ये , बन जाय सभ्य समाज ।.......




राष्ट्र  निर्माता नमन आप हो  ओ शिक्षक महाराज ।

सुन्दर सभ्य समाज बनाओ आवश्यकता है आज ।।

गौरव राष्ट्रपति ने समझा जन्म दिवस दिया सौप ।

दिशा दिखा दो दशा दुखद हो होय विश्व में नाज ।।



राजेश तिवारी मक्खन

झांसी उ प्र

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